Agriculture and farmer welfare फसल अवशेष न जलाएं किसान, पर्यावरण संरक्षण में करें सहयोग : उपायुक्त डा. जयेन्द्र सिंह छिल्लर -फसल अवशेष जलाने की घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के दिए निर्देश -कृषि अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय मॉनिटरिंग व किसानों से निरंतर संवाद के निर्देश -भुवन एप और सीआरएम योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर दिया जोर -फसल अवशेष खेत में मिलाने पर प्रति एकड़ 1,200 रुपये की प्रोत्साहन राशि Posted On: 24 Sep 2026 7:33PM पलवल, 24 सितंबर। उपायुक्त डा. जयेन्द्र सिंह छिल्लर ने फसल अवशेष जलाने की घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय मॉनिटरिंग करने तथा किसानों के साथ निरंतर संवाद स्थापित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि फसल अवशेष जलाने से पर्यावरण प्रदूषण बढऩे के साथ-साथ मिट्टी की उर्वरा शक्ति भी प्रभावित होती है। किसानों को फसल अवशेष प्रबंधन की योजनाओं एवं वैकल्पिक उपायों को अपनाने के लिए लगातार जागरूक किया जाए।उपायुक्त ने कहा कि भुवन एप और सीआरएम योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। फसल अवशेषों को खेत में मिलाने पर कृषि विभाग द्वारा प्रति एकड़ 1,200 रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है। उन्होंने पंचायतों और स्थानीय प्रतिनिधियों को भी पराली प्रबंधन अभियान में सक्रिय भागीदारी के लिए जोडऩे के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वच्छ पर्यावरण और बेहतर वायु गुणवत्ता के लिए पराली जलाने की समस्या का समाधान जरूरी है। जिला प्रशासन इस दिशा में पूरी गंभीरता से कार्य कर रहा है और किसानों को फसल अवशेष न जलाने के लिए निरंतर जागरूक किया जाएगा।000   *****   (Release ID: 7243)